Header Ads

कई कांडों का वांछित अपराधी कविंदर कोहार गिरफ्तार, कैमूर पुलिस को मिली बड़ी सफलता...


कैमूर टॉप न्यूज़, कैमूर:  कैमूर पुलिस को मिली बड़ी सफलता पुलिस अधीक्षक  दिलनवाज अहमद के निर्देश पर पुलिस ने अभियान चलाकर इस माह में एक दर्जन से अधिक अपराधियों को अलग अलग जगहों से पकड़कर जेल भेजा चुके हैं. मंगलवार को  पुलिस ने छापेमारी के दौरान फरार  अपराधी कविंदर कोहार को गिरफ्तार कर लिया है. उनके पास से  एक देशी कट्टा,दो जिंदा कारतूस तथा तीन मोबाइल बरामद हुआ.

कैमूर एसपी दिलनवाज अहमद ने प्रेस वार्ता कर बताया कि गिरफ्तार अपराधी  कविंदर कोहार  करीब आधा दर्जन हत्या की घटनाओं में  शामिल है. एक दर्जन के करीब लूटपाट डकैती हत्या जैसे घटनाओं को अंजाम दे चुका है. उन्होंने ने बताया कि डकैती कांडों के उद्भेदन के क्रम में कुछ अपराधी पकड़े गए थे. जिनसे पूछताछ के क्रम में पता चला कि इस गिरोह का सरगना कवींद्र कोहार भभुआ वार्ड नं 1 थाना भभुआ जिला कैमूर जो कुदरा थाना के पुसौली और भभुआ में कहीं छुपकर तथा अपना नाम बदलकर रह रहा है. 
इस सूचना पर भभुआ थानाध्यक्ष के नेतृत्व में एक टीम गठित किया गया. जिसमें पुअनि० मनुं प्रसाद, सअनि० संतोष कुमार पांडेय, सअनि० विनोद कुमार यादव, सअनि० गजेन्द्र यादव, सअनि० सुनील पासवान, सअनि० विजय कुमार शामिल किये गए. जैसे ही कवींद्र कोहार के आने की सूचना मिली पुलिस द्वारा घेराबंदी की गयी और गिरफ्तार करने की कोशिश की गई. किन्तु पुलिस को देखते ही कविंद्र कोहार छत से कूदकर  नदी के रास्ते भागना चाहा. लेकिन नदी के इर्द-गिर्द तैनात पुलिसकर्मियों द्वारा नदी में तैरकर उसको पकड़ लिया गया.
उन्होंने कहा कि अभी तक के सत्यापन के क्रम में हत्या, लूट डकैती और चोरी के कुल 21 कांड अंकित पाया गया हैं. जो रोहतास , भभुआ एंव बक्सर जिले से संबंधित है. एसपी ने कहा कि यह एक अंतराज्यीय अपराधकर्मी हैं. उन्होंने कहा कि गिरफ्तार कविंद्र कोहार के निशानदेही पर उसके घर से बालू में छिपाकर रखा एक देशी कट्टा, दो जिंदा कारतूस तथा तीन मोबाईल बरामद हुआ है.
उन्होंने कहा कि इस दुर्दांत अपराधी के विरुद्ध 1991 से अबतक कैमूर ,रोहतास, बक्सर जिले के विभिन्न थाना क्षेत्र अंतर्गत कुल 21 मामले चोरी, हत्या, लूट, डकैती के अंतर्गत दर्ज हैं. इसके अलावे कैमूर से सटे उत्तरप्रदेश के विभिन्न जिलों में संगीन अपराध किये जाने का पता चल रहा है. जिसकी सत्यापन कराई जा रही हैं. बता दें कि गिरफ्तार अपराधी 1989 में रोहतास जिला के डेहरी में होमगार्ड का जवान था. इनके घर में 1990 में डकैती हुई जिसमें कविंद्र के पिता को भी अपराधियों ने पैर में गोली मार दी. जिसके बाद होमगार्ड का नौकरी छोड़कर कविंदर लूटपाट डकैती को घटना को अंजाम देने लगा 1991 से लेकर अब तक डेढ दर्जन से अधिक घटनाओं को अंजाम दे चुका है.


No comments